विक्रमशिला सेतु पर हल्के वाहनों का परिचालन जारी रहेगा, निरीक्षण में नहीं मिली नई तकनीकी समस्या

विक्रमशिला सेतु के एक्सपेंशन जॉइंट में गैप बढ़ने की खबरों के बाद आईआईटी पटना और बिहार राज्य पुल निर्माण निगम ने संयुक्त निरीक्षण किया। जांच में कोई नया बदलाव नहीं मिला और सेतु पर हल्के वाहनों का परिचालन सुरक्षित बताते हुए पूर्ववत जारी रखने का निर्णय लिया गया।
भागलपुर | BLive डेस्क
विक्रमशिला सेतु पर वाहनों के परिचालन को लेकर विभिन्न मीडिया माध्यमों में प्रकाशित खबरों के बाद बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड, कार्य प्रमंडल भागलपुर ने स्थिति स्पष्ट की है। निगम के अनुसार 3 मई 2026 की मध्यरात्रि में सेतु के P2-P3 स्पैन का 34 मीटर लंबा सस्पेंडेड हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसके बाद सीमा सड़क संगठन (BRO) के सहयोग से संबंधित स्पैन पर बेली ब्रिज का निर्माण कराया गया। निगम ने बताया कि V5-P1, P1-P2, P2-P3 एवं P3-P4 स्पैन पर कुल चार बेली ब्रिज बनाए गए हैं। निर्माण के दौरान दृश्य निरीक्षण में एक्सपेंशन जॉइंट में भागलपुर की ओर 90 से 100 मिलीमीटर तथा नवगछिया की ओर 40 से 50 मिलीमीटर तक गैप पाया गया था। 10 जून 2026 को मीडिया में गैप बढ़ने संबंधी खबरें प्रकाशित होने के बाद सेतु का ड्रोन, फोटोग्राफी एवं वीडियोग्राफी के माध्यम से पुनः निरीक्षण कराया गया। इसके बाद 11 जून 2026 को आईआईटी पटना की विशेष टीम और बिहार राज्य पुल निर्माण निगम के अभियंताओं ने संयुक्त रूप से स्थल निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान एक्सपेंशन जॉइंट के गैप की दोबारा माप की गई, जिसमें पूर्व में दर्ज स्थिति के अनुरूप ही भागलपुर की ओर 90 से 100 मिलीमीटर तथा नवगछिया की ओर 40 से 50 मिलीमीटर गैप पाया गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि माप में कोई नया परिवर्तन नहीं मिला है। आईआईटी पटना एवं निगम मुख्यालय की रिपोर्ट के आधार पर विक्रमशिला सेतु पर हल्के वाहनों के परिचालन को सुरक्षित एवं निर्बाध रूप से जारी रखने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन ने कहा है कि सेतु पर हल्के वाहनों का आवागमन पूर्ववत सुचारु रूप से जारी रहेगा। स्रोत: भागलपुर जिला प्रशासन / बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड
