शाहकुंड के ओबीसी बालिका आवासीय विद्यालय एवं छात्रावास का औचक निरीक्षण, सुरक्षा और शिक्षा व्यवस्था सुधारने के निर्देश

शाहकुंड स्थित ओबीसी बालिका आवासीय उच्च विद्यालय एवं छात्रावास का अधिकारियों ने संयुक्त रूप से औचक निरीक्षण किया। इस दौरान छात्राओं की सुरक्षा, भोजन, स्वच्छता, पेयजल, स्वास्थ्य और शैक्षणिक व्यवस्था की समीक्षा की गई। परिसर में केवल तीन सुरक्षा गार्ड पाए जाने पर उनकी संख्या बढ़ाने का निर्देश दिया गया। छात्राओं की पढ़ाई बेहतर करने के लिए Special English Promotion Course, हिंदी व्याकरण की अतिरिक्त कक्षाएं और नियमित Psychological Counselling कराने को भी कहा गया। साथ ही हर महीने संबंधित अधिकारियों के साथ समन्वय बैठक आयोजित करने का निर्देश दिया गया।
भागलपुर | BLive डेस्क
भागलपुर जिले के शाहकुंड स्थित ओबीसी बालिका आवासीय उच्च विद्यालय एवं छात्रावास का बुधवार, 22 जुलाई 2026 को अनुमंडल पदाधिकारी, सदर, कार्यपालक दंडाधिकारी एवं अनुमंडल कल्याण पदाधिकारी ने संयुक्त रूप से औचक निरीक्षण किया। इस दौरान विद्यालय एवं छात्रावास में छात्राओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने छात्रावास एवं विद्यालय परिसर की स्वच्छता, आवासीय कक्ष, भोजन की गुणवत्ता, पेयजल, शौचालय, विद्युत व्यवस्था, सुरक्षा, स्वास्थ्य सुविधाओं और शैक्षणिक गतिविधियों की स्थिति की समीक्षा की। अधिकारियों ने छात्राओं से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं तथा उन्हें मिल रही सुविधाओं के संबंध में जानकारी भी ली।
हर महीने होगी समन्वय बैठक
निरीक्षण के बाद विद्यालय प्रबंधन को छात्राओं की सुरक्षा, शिक्षा और समग्र विकास को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया गया। इसके लिए प्रत्येक महीने एक समन्वय बैठक आयोजित करने को कहा गया है। बैठक में संबंधित थाना प्रभारी, प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO), अंचल अधिकारी, विद्यालय प्रबंधन सहित संबंधित पदाधिकारियों की भागीदारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
अंग्रेजी और हिंदी पर विशेष ध्यान
छात्राओं की शैक्षणिक गुणवत्ता और व्यक्तित्व विकास को बेहतर बनाने के उद्देश्य से अंग्रेजी विषय के लिए विशेष शिक्षण कार्यक्रम (Special English Promotion Course) शुरू करने का निर्देश दिया गया। साथ ही हिंदी व्याकरण पर विशेष ध्यान देते हुए अतिरिक्त कक्षाएं संचालित करने को कहा गया है।
तीन सुरक्षा गार्ड को माना गया अपर्याप्त
निरीक्षण में विद्यालय परिसर में वर्तमान में केवल तीन सुरक्षा गार्ड कार्यरत पाए गए। छात्राओं की सुरक्षा को देखते हुए अधिकारियों ने इस संख्या को अपर्याप्त माना और संबंधित विभाग को करने का निर्देश दिया।
