🚨 लाइफलाइन पर संकट: विक्रमशिला सेतु का हिस्सा गंगा में गिरा, आवागमन ठप

विक्रमशिला सेतु का एक बड़ा हिस्सा देर रात गंगा में गिर गया, जिससे भागलपुर में हड़कंप मच गया। ट्रैफिक पुलिस की सतर्कता से सैकड़ों लोगों की जान बच गई और बड़ा हादसा टल गया। प्रशासन ने पुल पर आवागमन पूरी तरह बंद कर वैकल्पिक मार्ग लागू कर दिया है। तकनीकी जांच शुरू हो गई है, जबकि इस घटना से जनजीवन और व्यापार पर असर पड़ने की आशंका है।
🟥 Bhagalpur | BLive Desk
भागलपुर की जीवनरेखा माने जाने वाले विक्रमशिला सेतु पर रविवार देर रात बड़ा हादसा हो गया। रात करीब 12:50 बजे पिलर नंबर 133 के पास पुल का एक बड़ा स्लैब अचानक टूटकर गंगा नदी में गिर गया। घटना के बाद पूरे जिले में हड़कंप मच गया और प्रशासन तुरंत अलर्ट मोड में आ गया।
हादसे के समय पुल पर सामान्य रूप से वाहनों की आवाजाही जारी थी। अचानक सड़क पर दरार दिखाई देने लगी, जिसे देखते ही मौके पर तैनात ट्रैफिक पुलिस ने तुरंत वाहनों को रोकना और पीछे हटाना शुरू कर दिया। पुलिस की इस सतर्कता से सैकड़ों लोगों की जान बच गई और एक बड़ा हादसा टल गया।
❌ आवागमन पर पूर्ण रोक
घटना के बाद प्रशासन ने विक्रमशिला सेतु को पूरी तरह बंद कर दिया है। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए किसी भी तरह के वाहन और पैदल आवाजाही पर रोक लगा दी गई है।
👉 वैकल्पिक मार्ग:
- मुंगेर गंगा पुल
- सुल्तानगंज मार्ग
👮 प्रशासन और पुलिस की त्वरित कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी और एसएसपी प्रमोद यादव रात में ही घटनास्थल पर पहुंचे।
- पूरे इलाके की बैरिकेडिंग की गई
- सभी एंट्री-एग्जिट पॉइंट्स पर पुलिस बल तैनात
- आम लोगों को पुल से दूर रहने की अपील
एसएसपी ने आपातकालीन सेवाओं को भी वैकल्पिक मार्ग अपनाने का निर्देश दिया।
🛠️ तकनीकी जांच शुरू
प्रशासन ने तकनीकी विशेषज्ञों की टीम को जांच के लिए बुलाया है। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि हादसा ओवरलोडिंग की वजह से हुआ या पुल के स्ट्रक्चर में कोई कमजोरी थी।
👉 पिलर नंबर 133 के आसपास के पूरे हिस्से की जांच और स्कैनिंग की जाएगी।
📉 जनजीवन और व्यापार पर असर
विक्रमशिला सेतु भागलपुर और सीमांचल के बीच एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
- रोजाना सैकड़ों वाहन और ट्रक गुजरते हैं
- जरूरी सामान की आपूर्ति प्रभावित
- व्यापारियों को नुकसान और महंगाई बढ़ने की आशंका
अब लोगों को लंबा वैकल्पिक रास्ता अपनाना पड़ेगा।
🧪 मरम्मत और आगे की रणनीति
प्रशासन ने पुल निर्माण विभाग को जल्द मरम्मत योजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं। हालांकि विशेषज्ञों के अनुसार, मरम्मत में समय और आधुनिक तकनीक दोनों की आवश्यकता होगी।
👉 फिटनेस सर्टिफिकेट मिलने तक पुल पर आवागमन शुरू नहीं होगा।
⏳ अगले 48 घंटे अहम
भागलपुर प्रशासन के लिए अगले 48 घंटे बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।
मुख्य फोकस:
- यातायात व्यवस्था संभालना
- जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करना
🔴 निष्कर्ष
विक्रमशिला सेतु का यह हादसा इंफ्रास्ट्रक्चर की स्थिति और रखरखाव पर गंभीर सवाल खड़े करता है। हालांकि राहत की बात यह है कि समय रहते कार्रवाई होने से कोई जनहानि नहीं हुई।
