श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों का डीएम-एसएसपी ने किया संयुक्त निरीक्षण, श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधाओं पर विशेष जोर

श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों को लेकर भागलपुर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। डीएम और एसएसपी ने प्रमुख घाटों एवं मेला क्षेत्र का संयुक्त निरीक्षण कर सुरक्षा, साफ-सफाई, बैरिकेडिंग, यातायात, चिकित्सा, पेयजल और भीड़ प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा की। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए सभी व्यवस्थाएं समय पर पूरी की जाएं।
भागलपुर | BLive डेस्क
श्रावणी मेला 2026 के सफल एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर शुक्रवार को भागलपुर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय नजर आया। जिला पदाधिकारी (DM) और वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के नेतृत्व में प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों की संयुक्त टीम ने मेला क्षेत्र के विभिन्न महत्वपूर्ण स्थलों का निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने नमामि गंगे घाट, सीढ़ी घाट, कृष्णगढ़ घाट, धन्नी बेलारी तथा बूढ़ानाथ चौक सहित प्रमुख स्थानों का दौरा किया। इस दौरान श्रद्धालुओं और कांवरियों के लिए सुरक्षा व्यवस्था, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, बैरिकेडिंग, यातायात प्रबंधन, चिकित्सा सुविधा, पेयजल, नियंत्रण कक्ष तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
जिला पदाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि श्रावणी मेला के दौरान किसी भी श्रद्धालु को असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने सभी आवश्यक तैयारियां समय पर पूरी करने, घाटों पर सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने, पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारियों एवं पुलिस बल की तैनाती तथा भीड़ प्रबंधन और आपदा प्रबंधन की समुचित व्यवस्था बनाए रखने का निर्देश दिया।
वहीं, वरीय पुलिस अधीक्षक ने संवेदनशील स्थलों पर विशेष सतर्कता बरतने, लगातार गश्ती, सीसीटीवी निगरानी, प्रभावी यातायात नियंत्रण और विधि-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी अधिकारी आपसी समन्वय के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें।
निरीक्षण के दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों को आवश्यक सुधार एवं अतिरिक्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि श्रावणी मेला 2026 के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।
स्रोत: भागलपुर जिला प्रशासन
