BPSC का बड़ा फैसला: अब MCQ परीक्षा में ‘Not Attempted’ विकल्प अनिवार्य, खाली छोड़ने पर कटेंगे अंक

BPSC ने MCQ परीक्षाओं में बड़ा बदलाव किया है। अब हर प्रश्न में ‘E’ विकल्प (Not Attempted) अनिवार्य होगा। यदि कोई अभ्यर्थी बिना विकल्प चुने प्रश्न छोड़ता है, तो उस पर 1/3 अंक की नेगेटिव मार्किंग होगी। यह नियम आगामी परीक्षाओं में लागू होगा।
पटना | BLive Desk
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) ने प्रतियोगी परीक्षाओं को अधिक पारदर्शी और अनुशासित बनाने के लिए बड़ा बदलाव किया है। आयोग ने MCQ (बहुविकल्पीय) आधारित परीक्षाओं की उत्तर प्रणाली में संशोधन करते हुए नया नियम लागू करने का निर्णय लिया है।
🔴 क्या बदला है?
अब तक परीक्षाओं में हर प्रश्न के लिए चार विकल्प (A, B, C, D) दिए जाते थे और अभ्यर्थियों के लिए उत्तर देना अनिवार्य नहीं होता था। कई अभ्यर्थी प्रश्नों को खाली छोड़ देते थे।
लेकिन अब नए नियम के अनुसार:
- प्रत्येक प्रश्न के लिए पांच विकल्प (A, B, C, D, E) होंगे
- ‘E’ विकल्प का मतलब होगा — “Not Attempted” (प्रयास नहीं किया गया)
⚠️ नया नियम क्या कहता है?
- यदि अभ्यर्थी उत्तर देना चाहता है, तो उसे A, B, C या D में से एक विकल्प चुनना होगा
- यदि उत्तर नहीं देना चाहता, तो ‘E’ विकल्प चुनना अनिवार्य होगा
- यदि कोई अभ्यर्थी कोई विकल्प नहीं चुनता (प्रश्न खाली छोड़ता है), तो
👉 उस पर 1/3 अंक की नेगेटिव मार्किंग (कटौती) की जाएगी
🎯 इस बदलाव का उद्देश्य
BPSC के अनुसार, यह कदम परीक्षा प्रणाली को:
- अधिक पारदर्शी बनाने
- अनुशासन सुनिश्चित करने
- और सटीक मूल्यांकन के लिए उठाया गया है
📌 कब से लागू होगा नियम?
यह नई व्यवस्था आगामी सभी BPSC परीक्षाओं में लागू की जाएगी।
📝 निष्कर्ष
अब अभ्यर्थियों को हर प्रश्न में सावधानी बरतनी होगी। प्रश्न छोड़ना अब आसान नहीं होगा, क्योंकि बिना विकल्प चुने छोड़ने पर सीधे अंक कटेंगे। यह बदलाव परीक्षा की गंभीरता और प्रतिस्पर्धा को और बढ़ा सकता है।
