E20 पेट्रोल पर बवाल : सरकार 'एक्सपेरिमेंट' वाली टिप्पणी के बाद सफाई देने में जुटी, दिल्ली में रविवार को प्रदर्शन की तैयारी

भारत में 20% एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल (E20) को लेकर जनता का गुस्सा बढ़ रहा है। अटॉर्नी जनरल द्वारा अदालत में इसे "एक्सपेरिमेंट" बताए जाने के बाद विवाद और गहरा गया। पेट्रोलियम मंत्री की सफाई के बावजूद वाहन मालिक कम माइलेज और गाड़ी को नुकसान की शिकायत कर रहे हैं, वहीं कांग्रेस समर्थकों ने रविवार को दिल्ली में प्रदर्शन की योजना बनाई है।
नई दिल्ली | BLive डेस्क
भारत में 20% एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल (E20) को लेकर जनता का गुस्सा लगातार बढ़ता जा रहा है, और अब केंद्र सरकार इस बढ़ते विरोध को शांत करने की कोशिशों में जुट गई है। मामला तब और तूल पकड़ गया जब खुद देश के अटॉर्नी जनरल ने अदालत में इस नीति को "एक्सपेरिमेंट" बता दिया — जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है।
क्या है पूरा विवाद
E20 यानी 20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल का इस्तेमाल करना पिछले साल से अनिवार्य कर दिया गया था। दुनिया के तीसरे सबसे बड़े कार बाजार भारत में यह नीति अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार के लिए सबसे बड़े राजनीतिक विवादों में से एक बन गई है। कई वाहन मालिकों की शिकायत है कि उन्हें अब पेट्रोल पंप पर कोई विकल्प ही नहीं मिलता, और यही नाराजगी अब अटॉर्नी जनरल की टिप्पणी के बाद खुलकर सामने आ गई है।
अटॉर्नी जनरल की टिप्पणी ने भड़काई आग
इसी हफ्ते अटॉर्नी जनरल आर. वेंकटरमणी ने एक अदालती सुनवाई के दौरान कह दिया कि E20 एक "एक्सपेरिमेंट" है, जिसके नतीजे अगले साल ही सामने आएंगे। सरकार ने शुरू में इस बयान से इनकार किया, लेकिन सुनवाई का वीडियो सामने आने के बाद सफाई देनी पड़ी। वेंकटरमणी ने बाद में रॉयटर्स को बताया कि उनका इशारा एथेनॉल आपूर्ति की मात्रा को लेकर था, न कि पूरी एथेनॉल-पेट्रोल नीति को लेकर।
सरकार के प्रेस कार्यालय ने आलोचनाओं को शुक्रवार को खारिज करते हुए इसे बेबुनियाद बताया और लोगों से भड़काऊ बातों में न आने की अपील की।
पेट्रोलियम मंत्री की सफाई, लेकिन नाराजगी बरकरार
वाहन मालिकों को भरोसा दिलाने के लिए पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने गुरुवार को एथेनॉल फ्यूल की तुलना रेसिंग कारों में होने वाले इस्तेमाल से की और कहा कि इससे गाड़ी की एक्सीलरेशन बढ़ती है, भले ही माइलेज थोड़ा कम हो जाए। लेकिन यह सफाई भी लोगों का गुस्सा शांत नहीं कर पाई।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर सैकड़ों वाहन मालिकों ने कम माइलेज और गाड़ी के पुर्जों को नुकसान पहुंचने की शिकायतें पोस्ट की हैं। यूट्यूबर मनीष कश्यप का एक वीडियो अब तक 5 लाख से ज्यादा बार देखा जा चुका है, जिसमें वे अपनी गाड़ी की मरम्मत को लेकर वर्कशॉप में खड़े होकर E20 से हुए नुकसान की बात करते नजर आ रहे हैं।
राजनीतिक मोर्चे पर भी तेज हुआ विरोध
दिल्ली के सोशलाइट और कांग्रेस समर्थक तहसीन पूनावाला ने रविवार को दिल्ली में इस नीति के खिलाफ प्रदर्शन की योजना बनाई है, जिसमें हजारों लोगों ने शामिल होने में दिलचस्पी दिखाई है। कांग्रेस पार्टी के कर्नाटक में राज्य मंत्री ने भी X पर कहा कि E20 नीति को लागू करने से पहले पर्याप्त सलाह-मशविरा नहीं किया गया, और सरकार को पहले खुद अपना डेटा सार्वजनिक करना चाहिए।
